मंदिर लूटकांड का पर्दाफाश, बिहार के पांच शातिर गिरफ्तार; पुलिस मुठभेड़ में दो घायल
बलिया। रसड़ा पुलिस ने मंदिरों को निशाना बनाने वाले अंतरजनपदीय गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। शुक्रवार की आधी रात हुई पुलिस मुठभेड़ में दो आरोपियों के पैर में गोली लगी, जबकि तीन अन्य पुलिस की गिरफ्त में आ गए। पुलिस ने इनके पास से मंदिरों से चोरी की गई चांदी गलाकर तैयार किए गए 300 ग्राम चांदी के साथ हथियार और चोरी में इस्तेमाल होने वाले औजार बरामद किए हैं।
पुलिस के मुताबिक, 6 नवंबर की रात करीब 12:50 बजे लखनेश्वर डीह मंदिर से आमघाट जाने वाले मार्ग पर चेकिंग के दौरान बिना नंबर प्लेट की इनोवा कार दिखाई दी। पुलिस ने उसे रोकने का प्रयास किया तो कार सवार भागने लगे। पीछा किए जाने पर बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में जिशान आलम और चन्द्रशेखर कुमार घायल हो गए। दोनों को उपचार के लिए जिला अस्पताल बलिया भेजा गया।
पूछताछ में मंदिरों में हुई दो बड़ी वारदातों का खुलासा हुआ। आरोपियों ने स्वीकार किया कि 30 अक्टूबर की रात लखनेश्वर डीह शिव मंदिर के पुजारी को डराकर-धमकाकर उनके हाथ-पैर बांध दिए थे और शिवलिंग पर चढ़ा चांदी का नाग तथा नाग बाबा के ऊपर लगी चांदी की छतरी लूट ली थी। इसके अलावा 11 अक्टूबर को गाजीपुर के कासिमाबाद थाना क्षेत्र स्थित पंच मंदिर से राधा-कृष्ण की मूर्तियों के मुकुट भी चोरी किए थे।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चोरी के सामान को गलाकर तैयार की गई 300 ग्राम चांदी, दो तमंचे .315 बोर, दो खोखा व दो जिंदा कारतूस, लोहे की रॉड, प्लास, पेचकस और टेप बरामद किया है।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान जिशान आलम, चन्द्रशेखर कुमार, सूरज पासवान, चनशेखर कुमार और बाला लखन्दर कुमार के रूप में हुई है। सभी बिहार के पूर्वी चंपारण जिले के निवासी हैं।
कार्रवाई में प्रभारी निरीक्षक विश्वनाथ यादव, रसड़ा थानाध्यक्ष कौशल पाठक और स्वाट टीम प्रभारी उपनिरीक्षक अजय साहनी अपनी-अपनी टीमों के साथ शामिल रहे।