
घूस लेते पकड़ा गया कानूनगो, कोतवाली पहुंची लेखपाल संघ की टीम; मुलाकात से पहले ही लौटना पड़ा बैरंग
बलिया। जमीन की नापी के नाम पर रिश्वतखोरी का खेल उस समय बेनकाब हो गया जब एंटी करप्शन टीम आजमगढ़ ने कानूनगो रामप्रताप को ₹5 हजार की घूस लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। कार्रवाई के बाद तहसील परिसर में हड़कंप मच गया और दिनभर कर्मचारियों व फरियादियों के बीच इस घटना की चर्चा होती रही।
जानकारी के अनुसार, सोनवानी निवासी अशोक कुमार सिंह ने शिकायत की थी कि जमीन की पैमाइश कराने के लिए कानूनगो रामप्रताप द्वारा रिश्वत की मांग की जा रही है। शिकायत के सत्यापन के बाद एंटी करप्शन टीम ने जाल बिछाया और तय योजना के तहत जैसे ही आरोपी ने ₹5 हजार की रिश्वत ली, उसे मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तारी के बाद एंटी करप्शन टीम आरोपी कानूनगो को अपने साथ लेकर कोतवाली बलिया पहुंची, जहां आवश्यक कानूनी कार्रवाई की गई। इस दौरान मामले की जानकारी मिलते ही लेखपाल संघ के जिलाध्यक्ष अपने सहयोगियों के साथ कोतवाली बलिया पहुंचे। बताया जाता है कि उन्होंने कानूनगो से मुलाकात का प्रयास किया, लेकिन एंटी करप्शन टीम की कार्रवाई और कानूनी प्रक्रिया के चलते मुलाकात नहीं हो सकी और उन्हें वापस लौटना पड़ा।
घटना की खबर फैलते ही राजस्व विभाग और तहसील परिसर में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया। आम लोगों के बीच भी यह कार्रवाई चर्चा का विषय बनी रही। लोगों का कहना है कि राजस्व विभाग से जुड़े कार्यों में रिश्वतखोरी की शिकायतें अक्सर सामने आती हैं और ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई से व्यवस्था में सुधार की उम्मीद बढ़ती है।
फिलहाल एंटी करप्शन टीम ने आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।






