पंचायत की जमीन पर ‘खेल’ या प्रशासनिक चूक? अधिवक्ता इंद्रजीत तिवारी की शिकायत से मचा हड़कंप
बलिया। ग्राम पंचायत खैरानिस्फी सोनाड़ी में पंचायत भवन के लिए दान की गई भूमि को लेकर नया विवाद खड़ा हो गया है। अधिवक्ता इंद्रजीत तिवारी ने आरोप लगाया है कि पंचायत भवन के नाम दान की गई भूमि को कथित रूप से अभिलेखों में हेराफेरी कर निजी नाम पर दर्ज करा दिया गया। उनका दावा है कि इस मामले में जिलाधिकारी के स्पष्ट लिखित आदेश के बावजूद आज तक कार्रवाई नहीं हुई।
शिकायत के अनुसार, तत्कालीन प्रधान की पत्नी द्वारा वर्ष 2010 में पंचायत भवन के लिए दो डिस्मिल भूमि दान दी गई थी। आरोप है कि इससे पहले ही राजस्व अभिलेखों में कथित हेराफेरी कर जमीन का नामांतरण करा लिया गया।
इंद्रजीत तिवारी का कहना है कि जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह ने 22 मई 2026 को एसडीएम रसड़ा को खतौनी संशोधन और एफआईआर दर्ज कराने का आदेश दिया था। इसके बावजूद कथित तौर पर ऐसी आख्या भेजी गई, जिससे पूरा मामला ठंडे बस्ते में चला गया।
मामले में दोबारा शिकायत किए जाने पर प्रभारी जिलाधिकारी ने पुराने आदेश का अनुपालन सुनिश्चित कराने के निर्देश जारी किए हैं। अब पूरे प्रकरण पर लोगों की नजरें टिकी हैं कि आखिर प्रशासन इस मामले में आगे क्या कदम उठाता है।



