स्वास्थ्य योजनाओं में ढिलाई बर्दाश्त नहीं, डीएम ने अधिकारियों को लगाई फटकार
बलिया। जिले की स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह ने सख्त रुख अपनाते हुए अधिकारियों को स्पष्ट चेतावनी दी कि योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी तरह की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्वास्थ्य समिति की समीक्षा बैठक में डीएम ने अधूरे कार्यों, धीमी प्रगति और रिक्त पदों पर नाराजगी जताते हुए कई अहम निर्देश जारी किए।
बैठक में सोनबरसा में निर्माणाधीन 100 शैय्या अस्पताल का निर्माण कार्य जल्द पूरा कराने और अंतिम स्वीकृति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। वहीं नवानगर ब्लॉक में आयुष्मान भारत योजना की खराब प्रगति पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी जताते हुए संबंधित एमओआईसी से स्पष्टीकरण तलब करने का आदेश दिया।
डीएम ने आशा कार्यकर्ताओं के रिक्त पदों पर तत्काल भर्ती प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि जो आशा कार्यकर्ता अपने दायित्वों का निर्वहन नहीं कर रही हैं, उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई करते हुए सेवा समाप्ति की प्रक्रिया अपनाई जाए।
उन्होंने सभी एमओआईसी और सीडीपीओ को हर माह आशा और आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों की संयुक्त बैठक आयोजित करने के निर्देश दिए, ताकि संस्थागत प्रसव को बढ़ावा मिल सके। आयुष्मान भारत योजना के तहत ऐसे पात्र परिवारों को प्राथमिकता देने को कहा गया, जिनके परिवार में अभी तक एक भी आयुष्मान कार्ड नहीं बना है।
जिलाधिकारी ने चिकित्सकों को सरकारी अस्पतालों में समय से उपस्थित रहने और बाहर की दवा नहीं लिखने की सख्त हिदायत दी। उन्होंने कहा कि शिकायत मिलने पर संबंधित अधिकारी या कर्मचारी के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी ओजस्वी राज, मुख्य चिकित्सा अधिकारी सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी मौजूद रहें।



