जमीन की कूटरचना कर नामांतरण कराने के मामले में आरोपी गिरफ्तार
बलिया। जनपद में भूमि संबंधी धोखाधड़ी और कूटरचना के मामलों पर पुलिस ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। इसी क्रम में बांसडीह थाना पुलिस ने फर्जीवाड़ा कर जमीन का नामांतरण कराने के आरोप में एक अभियुक्त को गिरफ्तार कर न्यायालय भेज दिया। पुलिस का कहना है कि मामले की विवेचना में आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए गए, जिसके बाद गिरफ्तारी की कार्रवाई की गई।
पुलिस अधीक्षक ओमवीर सिंह के निर्देशन में अपराधियों, वांछित अभियुक्तों एवं वारंटियों की गिरफ्तारी के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत यह सफलता मिली। अपर पुलिस अधीक्षक (उत्तरी) दिनेश कुमार शुक्ला के पर्यवेक्षण तथा क्षेत्राधिकारी बांसडीह जयशंकर मिश्र के निर्देशन में थाना बांसडीह पुलिस लगातार आरोपियों की तलाश में जुटी हुई थी।
पुलिस के अनुसार, 6 फरवरी 2026 को सहतवार थाना क्षेत्र निवासी विक्रमा यादव ने न्यायालय में प्रार्थना पत्र प्रस्तुत कर आरोप लगाया था कि कुछ लोगों ने कूटरचित दस्तावेजों के माध्यम से उनकी जमीन का अवैध रूप से नामांतरण कराने का प्रयास किया। मामले की गंभीरता को देखते हुए अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, बलिया के आदेश पर थाना बांसडीह में छह नामजद आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था।
विवेचना के दौरान पुलिस ने दस्तावेजों और उपलब्ध साक्ष्यों का परीक्षण किया। जांच में आरोपों की पुष्टि होने के बाद सभी नामजद अभियुक्तों की गिरफ्तारी के प्रयास तेज कर दिए गए।
इसी क्रम में सोमवार को उपनिरीक्षक सूरज पटेल अपनी पुलिस टीम के साथ दबिश देकर मुकदमे में नामजद अभियुक्त भूलन यादव (35 वर्ष), पुत्र लक्ष्मण यादव, निवासी वार्ड संख्या-10, थाना सहतवार, जनपद बलिया को उसके घर से गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी से पूछताछ की गई तथा आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी कर उसे न्यायालय में पेश कर दिया गया।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस प्रकरण में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश भी जारी है। उन्हें शीघ्र गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा। पुलिस ने स्पष्ट किया कि जमीन से जुड़े फर्जीवाड़े, कूटरचना और धोखाधड़ी के मामलों में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा तथा ऐसे मामलों में कठोर कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।



